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गूगल सर्च पर भरोसा भारी न पड़ जाए! जानें ठगों का तरीका और खुद को सुरक्षित रखने का उपाय

गूगल सर्च का इस्तेमाल कर साइबर ठग फर्जी साइट्स और नंबरों से लोगों को लूट रहे हैं। जानें इनका तरीका और कुछ आसान उपायों से अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखें।

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आज के डिजिटल दौर में गूगल हमारा सबसे बड़ा साथी है। कुछ भी जानना हो, हम फटाफट गूगल सर्च करते हैं। लेकिन यही आदत अब साइबर ठगों के लिए मौका बन गई है। वे गूगल सर्च रिजल्ट्स का फायदा उठाकर लोगों को अपने जाल में फंसा रहे हैं। चाहे कस्टमर केयर का नंबर ढूंढना हो या किसी सर्विस की जानकारी, ठग चालाकी से फर्जी साइट्स और नंबरों के जरिए ठगी कर रहे हैं। भारत सरकार की साइबर सुरक्षा पहल, साइबर दोस्त, ने भी लोगों को इस खतरे से आगाह किया है।

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साइबर ठग अपना जाल बहुत चालाकी से बुनते हैं। वे गूगल पर फर्जी विज्ञापन चलाते हैं, जो देखने में बिल्कुल असली लगते हैं। जब लोग इन विज्ञापनों पर क्लिक करते हैं, तो वे खतरनाक साइट्स पर पहुंच जाते हैं। इन साइट्स के जरिए ठग आपका ओटीपी, बैंक खाते की जानकारी या दूसरी निजी जानकारियां चुरा सकते हैं। इसके अलावा, ठग फर्जी कस्टमर केयर नंबर गूगल पर डालते हैं। जब लोग इन नंबरों पर कॉल करते हैं, तो ठग उनसे बैंक डिटेल्स या ओटीपी मांगकर ठगी कर लेते हैं।

ठग कैसे करते हैं गूगल पर कब्जा?

साइबर ठग गूगल सर्च के पहले पेज पर अपनी फर्जी साइट्स को लाने के लिए पेड विज्ञापन और ब्लैक-हैट एसईओ तकनीकों का इस्तेमाल करते हैं। ये तकनीकें उनकी साइट्स को टॉप रैंकिंग दिलाती हैं, जिससे लोग आसानी से इन पर भरोसा कर लेते हैं। उदाहरण के लिए, अगर आप किसी बैंक का कस्टमर केयर नंबर सर्च करते हैं, तो फर्जी नंबर सबसे ऊपर दिख सकता है। एक छोटी-सी गलती और आप ठगों के जाल में फंस सकते हैं।

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ऐसी साइट्स या लिंक अक्सर असली जैसी दिखती हैं, लेकिन इनके यूआरएल में छोटी-मोटी गड़बड़ी होती है। मसलन, बैंक की असली वेबसाइट के नाम में एक अक्षर कम या ज्यादा हो सकता है। अगर आप बिना ध्यान दिए क्लिक करते हैं, तो आपकी निजी जानकारी खतरे में पड़ सकती है। कई बार तो ठग फर्जी ऐप्स भी बनाते हैं, जो डाउनलोड करने पर आपके फोन का डेटा चुरा लेते हैं।

खुद को कैसे रखें सुरक्षित?

साइबर ठगी से बचने के लिए कुछ आसान उपाय अपनाए जा सकते हैं। सबसे पहले, हमेशा ऑफिशियल वेबसाइट या ऐप का इस्तेमाल करें। अगर आपको किसी बैंक या सर्विस का कस्टमर केयर नंबर चाहिए, तो उनकी आधिकारिक वेबसाइट से ही जानकारी लें। किसी भी लिंक पर क्लिक करने से पहले यूआरएल को अच्छे से जांच लें। अगर उसमें कुछ भी संदिग्ध लगे, तो उसे तुरंत छोड़ दें। इसके अलावा, अनजान नंबरों पर कॉल करके या व्हाट्सएप पर अपनी बैंक डिटेल्स, ओटीपी या निजी जानकारी शेयर करने से बचें। अगर कोई आपसे ऐसी जानकारी मांगता है, तो सतर्क हो जाएं।

Keywords: Google Search Scam, Cyber Fraud, Fake Websites, Online Safety, Black-hat Seo, Phishing, Customer Care Fraud, Cybersecurity

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