Middle East Conflict Impact on India: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और ईरान, अमेरिका व इजरायल के बीच जारी संघर्ष का असर भारत पर भी दिखाई देने लगा है। हालात को देखते हुए केंद्र सरकार सतर्क हो गई है। ऊर्जा आपूर्ति और जरूरी सामान की उपलब्धता की समीक्षा के लिए मंत्रियों के समूह (IGoM) की अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में देश में ईंधन, सप्लाई चेन और आवश्यक वस्तुओं पर पड़ने वाले संभावित प्रभावों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
जरूरी आपूर्ति पर सरकार का फोकस
बैठक में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी शामिल हुए। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार देश में जरूरी वस्तुओं और सेवाओं की उपलब्धता बनाए रखने के लिए लगातार सक्रिय रूप से काम कर रही है।
लोगों से संयम बनाए रखने की अपील
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नागरिकों से अफवाहों और घबराहट से दूर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति और सप्लाई चेन को सुचारू बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी कर रही है और हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
The 5th meeting of IGoM was held today to review the existing risks to energy supply chains and domestic availability of essential commodities in the wake of the conflict in West Asia.
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) May 11, 2026
The Government under the leadership of PM Shri @narendramodi has been doing commendable work… pic.twitter.com/L6OG25VJk2
वैश्विक चुनौतियों पर सरकार का संदेश
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से वैश्विक चुनौतियों के इस दौर में देश का सहयोग करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भरता, ऊर्जा सुरक्षा और सामूहिक भागीदारी के जरिए भारत कठिन अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का मजबूती से सामना कर सकता है।
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