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कैश लेकर बिहार में यात्रा? अगर सबूत नहीं दिखाया तो पुलिस तुरंत कर लेगी ज़ब्त!

बिहार भारत
traveling with cash in bihar police will seize it immediately if you dont show proof

Photo Credit - Representative Image

बिहार में विधानसभा चुनाव की हलचल तेज हो गई है और 6 व 11 नवंबर 2025 को दो चरणों में वोटिंग होगी। 14 नवंबर को नतीजे आएंगे। चुनाव आयोग ने साफ और निष्पक्ष मतदान के लिए आदर्श आचार संहिता लागू कर दी है। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कोई उम्मीदवार या पार्टी गलत तरीके से फायदा न उठाए। इस दौरान कैश, सोना और अन्य खर्चों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। आम लोगों को भी सावधानी बरतनी होगी ताकि कोई परेशानी न झेलनी पड़े।

कैश की सीमा और जब्ती का नियम

चुनाव के समय काले धन को रोकने के लिए 50 हजार रुपये से ज्यादा नकदी लेकर चलना मना है। अगर किसी के पास इससे ज्यादा कैश मिलता है और वह इसका जायज स्रोत नहीं बता पाता, तो पुलिस उसे जब्त कर लेगी। यह नियम उम्मीदवारों और आम लोगों दोनों पर लागू है। उम्मीदवारों के लिए खर्च की सीमा 40 लाख रुपये तय की गई है। हर उम्मीदवार को अपने खर्च के लिए अलग बैंक खाता खोलना होगा और 10 हजार रुपये से ज्यादा का लेन-देन उसी खाते से करना होगा। जिले में जांच चौकियां लगाई गई हैं जहां गाड़ियों की तलाशी हो रही है।

दस्तावेज रखें तैयार

अगर आपको 50 हजार रुपये से ज्यादा कैश ले जाना है, तो जरूरी कागजात साथ रखने होंगे। आधार कार्ड या वोटर आईडी जैसे पहचान पत्र अनिवार्य हैं। पैसे का स्रोत बताने के लिए बैंक निकासी की स्लिप या मोबाइल मैसेज दिखाना होगा। अगर आप व्यापारी हैं, तो दुकान की बिक्री का बिल या रसीद साथ रखें। ज्यादा रकम किस लिए ले जा रहे हैं, इसका विवरण भी देना होगा। अगर सोना या ज्वेलरी 50 हजार रुपये से ज्यादा की है, तो उसके कागजात साथ रखें। यह सीमा करीब पांच ग्राम सोने के बराबर है।

बैंकों और एटीएम पर भी निगरानी

बैंक और एटीएम में कैश ले जाने वाली गाड़ियों पर भी सख्ती है। एटीएम वैन को यह साफ करना होगा कि कितना पैसा कहां ले जाया जा रहा है। बैंकों को करेंसी चेस्ट भेजने वाली रकम का पूरा प्रमाणपत्र रखना होगा। अगर दस्तावेज नहीं मिले, तो कैश जब्त हो सकता है। बाद में सत्यापन के बाद रकम लौटाई जा सकती है। यह कदम काले धन के इस्तेमाल को रोकने के लिए उठाया गया है।

चुनाव खर्च पर कड़ी नजर

उम्मीदवारों को अपने हर खर्च का हिसाब रखना होगा और प्रचार, रैली या मीटिंग का खर्च बैंक खाते से ही करना होगा। 10 हजार रुपये से ज्यादा का भुगतान चेक या ऑनलाइन होगा। चुनाव आयोग की टीमें हर जिले में निगरानी कर रही हैं। केंद्रीय पुलिस बलों की 500 से ज्यादा कंपनियां तैनात हैं ताकि चुनाव निष्पक्ष हो।

Keywords: Bihar Election Cash Limit, Election Commission Rules, Cash Seizure Regulations, Candidate Spending Cap, Black Money Prevention

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