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अरविंद केजरीवाल को लगा बड़ा झटका, राज्यसभा में AAP के सभी 7 बागी सांसद बीजेपी में हुए शामिल; सभापति ने दी मंजूरी

भारत
arvind kejriwal suffers major setback as all 7 rebel aap rajya sabha mps join bjp chairman approves merger

Photo Credit: X\@NitinNabin

अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी को राज्यसभा में बड़ा झटका लगा है। उच्च सदन ने राघव चड्ढा सहित पार्टी के 7 बागी सांसदों को अलग समूह के रूप में मान्यता देते हुए उन्हें भारतीय जनता पार्टी का सदस्य माना है। इस फैसले को लेकर राज्यसभा सचिवालय ने आधिकारिक अधिसूचना भी जारी कर दी है। इसके बाद अब सदन में बीजेपी की संख्या बढ़ गई है, जिससे उसकी स्थिति और मजबूत हो गई है।

बागी सांसदों पर कार्रवाई की मांग

आप नेता संजय सिंह ने रविवार (26 अप्रैल 2026) को राज्यसभा के सभापति सी.पी राधाकृष्णनन को पत्र लिखकर आम आदमी पार्टी छोड़ने वाले सात सांसदों को अयोग्य घोषित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि ये सभी नेता पार्टी के टिकट पर चुने गए थे, लेकिन बाद में भाजपा में शामिल होने का फैसला कर लिया।

AAP की मांग खारिज, BJP को मिला फायदा

संजय सिंह ने इस कदम को दल-बदल करार देते हुए कहा था कि यह जनता के भरोसे और संविधान की भावना के खिलाफ है। उन्होंने संकेत दिया था कि आम आदमी पार्टी जरूरत पड़ने पर कानूनी रास्ता भी अपना सकती है। हालांकि, राज्यसभा सचिवालय के फैसले के बाद स्थिति साफ हो गई है। जारी अधिसूचना में इन सांसदों को बीजेपी का हिस्सा माना गया है, जिससे उच्च सदन में बीजेपी की ताकत बढ़ गई है, जबकि AAP की संख्या घटकर काफी कम रह गई है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में अलग होने का ऐलान

राघव चड्ढा, संदीप पाठक और अशोक मित्तल ने 24 अप्रैल 2026 को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आम आदमी पार्टी से अलग होने की घोषणा की। उन्होंने बताया कि हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल, विक्रम साहनी और राजिंदर गुप्ता भी उनके साथ हैं। इनमें से ज्यादातर सदस्य पंजाब से राज्यसभा के सांसद हैं।

राघव चड्ढा समेत अलग हुए नेताओं ने अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी पर अपने मूल सिद्धांतों से दूर जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हाल के फैसले पार्टी की विचारधारा के खिलाफ हैं। चड्ढा ने यह भी स्पष्ट किया कि संविधान के प्रावधानों के अनुसार, यदि किसी दल के दो-तिहाई सांसद चाहें तो वे दूसरी पार्टी में विलय कर सकते हैं, और उनका कदम इसी प्रक्रिया के तहत उठाया गया है।

Keywords: AAP Rajya Sabha Defection, Raghav Chadha BJP Merger, Rajya Sabha Chairman Decision AAP MPs

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